Q120. निम्नलिखित विचारकों को उनके सिद्धान्तों से मिलाइए :
सूची-I (विचारक) – सूची-II (सिद्धान्त)
A. मैक्स वेबर – 1. नौकरशाही
B. हर्बर्ट साइमन – 2. निर्णय निर्माण सिद्धान्त
C. एफ. डब्ल्यू. रिग्स – 3. पारिस्थितिकीय मॉडल
D. फेयोल – 4. प्रबंधन के सिद्धान्त
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए :
A B C D
(a) 1 2 3 4
(b) 2 3 1 4
(c) 3 1 4 2
(d) 4 3 2 1
Show Answer/Hide
व्याख्या: A. मैक्स वेबर: नौकरशाही सिद्धांत— 1
B. हर्बर्ट साइमन: निर्णय निर्माण सिद्धांत— 2
C. एफ. डब्ल्यू. रिग्स: पारिस्थितिकीय मॉडल— 3
D. हेनरी फेयोल: प्रबंधन के सामान्य सिद्धांत— 4
अतः सही कूट 1, 2, 3, 4 है।
Q121. निम्नलिखित में से कौन सा कथन अध्यक्षीय कार्यपालिका का सही वर्णन करता है ?
(a) कार्यपालिका सामूहिक रूप से विधायिका के प्रति उत्तरदायी है।
(b) कार्यपालिका विधायिका से स्वतंत्र है ।
(c) विधायिका अविश्वास प्रस्ताव द्वारा कार्यपालिका को बर्खास्त कर सकती है।
(d) कार्यपालिका और विधायिका अन्योन्याश्रित है ।
Show Answer/Hide
व्याख्या: अध्यक्षात्मक (Presidential) शासन प्रणाली (जैसे USA में) में शक्तियों के पृथक्करण (Separation of Powers) का सिद्धांत लागू होता है। इसमें कार्यपालिका (राष्ट्रपति) अपने कार्यकाल और नीतियों के लिए विधायिका (संसद) से स्वतंत्र होती है और विधायिका के प्रति सामूहिक रूप से उत्तरदायी नहीं होती।
Q122. निम्नलिखित सूचियों का मिलान कीजिए और सही उत्तर चुनिए :
सूची-I (नौकरशाही का प्रकार) – सूची -II (विशेषताएँ)
A. वेबेरियन नौकरशाही – 1. सामाजिक संरचना को दर्शाती है।
B. संरक्षण आधारित नौकरशाही – 2. व्यक्तिगत निष्ठा पर आधारित
C. प्रतिनिधिक नौकरशाही – 3. निष्ठा के आधार पर नियुक्ति
D. करिश्माई नौकरशाही – 4. पदानुक्रमिक संरचना
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए :
A B C D
(a) 4 3 1 2
(b) 3 4 2 1
(c) 1 2 4 3
(d) 2 1 3 4
Show Answer/Hide
Q123. यह किसने कहा था, “पूर्णतया वचनबद्ध नौकरशाही ही वह सामाजिक परिवर्तन ला सकती है जो पंचवर्षीय योजनाओं और प्रगतिशील विधान में निहीत है” ?
I. जवाहरलाल नेहरू
II. इंदिरा गाँधी
III. वी. पी. सिंह
IV. चन्द्रशेखर
(a) I और II
(b) II
(c) III
(d) IV
Show Answer/Hide
व्याख्या: 1960-70 के दशक में भारत की पूर्व प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गाँधी ने ‘वचनबद्ध नौकरशाही’ (Committed Bureaucracy) की अवधारणा का समर्थन करते हुए कहा था कि देश में सामाजिक-आर्थिक परिवर्तन और पंचवर्षीय योजनाओं को लागू करने के लिए एक ऐसी नौकरशाही की आवश्यकता है जो संविधान और प्रगतिशील नीतियों के प्रति प्रतिबद्ध हो।
Q124. संसदीय कार्यपालिका की प्रमुख विशेषताएँ हैं-
1. प्रधानमंत्री का नेतृत्व
2. विधायिका और कार्यपालिका में संबंध
3. संसद के प्रति कोई जवाबदेही नहीं
4. सामूहिक एवं व्यक्तिगत उत्तरदायित्व
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए :
(a) 1, 2 और 3
(b) 1, 2 और 4
(c) 2, 3 और 4
(d) 1, 3 और 4
Show Answer/Hide
Q125. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
कथन I: वचनबद्ध नौकरशाही उसे कहते हैं जो सत्तारूढ़ दल के कार्यक्रमों के साथ वचनबद्ध है।
कथन II: उच्च अधिकारी सत्तारूढ़ राजनीतिज्ञों के अधीनस्थों के रूप में कार्य करते हैं ।
उपर्युक्त कथनों के सन्दर्भ में कौन सा एक सही है ?
(a) कथन I और कथन II दोनों सही हैं तथा कथन II, कथन I की सही व्याख्या करता है।
(b) कथन I और कथन II दोनों सही हैं, किन्तु कथन, कथन I की व्याख्या नहीं करता है।
(c) कथन I सही है, किन्तु कथन II सही नहीं है।
(d) कथन I सही नहीं है, किन्तु कथन II सही है।
Show Answer/Hide
व्याख्या: कथन I (सही): वचनबद्ध नौकरशाही से आशय ऐसी प्रशासनिक व्यवस्था से है जो सत्तारूढ़ राजनीतिक दल के सामाजिक-आर्थिक कार्यक्रमों और वैचारिक प्राथमिकताओं को लागू करने के लिए समर्पित हो।
कथन II (सही): इसमें वरिष्ठ सिविल सेवक स्वतंत्र/तटस्थ रहने के बजाय राजनीतिक कार्यपालिका के मातहत एवं सहयोगियों के रूप में कार्य करते हैं। अतः कथन II, कथन I की सही व्याख्या है।
Q126. निम्नलिखित में से मुख्य कार्यपालिका के प्रशासनिक कार्य नहीं हैं :
1. प्रशासनिक नीति का निर्धारण
2. समन्वय
3. विधानमण्डल एवं जनमत का मार्गदर्शन
4. राजनीतिक दल का समर्थन प्राप्त करना
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए
(a) 1, 2, 3 और 4
(b) 1, 2 और 3
(c) 3 और 4
(d) 1 और 3
Show Answer/Hide
व्याख्या: मुख्य कार्यपालिका के कार्यों को दो भागों में बांटा जाता है:
प्रशासनिक कार्य: प्रशासनिक नीति का निर्धारण, संगठन बनाना, कार्मिक प्रबंधन, समन्वय और वित्तीय नियंत्रण (1 और 2)।
राजनीतिक/विधायी कार्य: विधानमंडल व जनमत का मार्गदर्शन करना तथा अपने राजनीतिक दल का समर्थन प्राप्त करना (3 और 4)। अतः 3 और 4 प्रशासनिक कार्य न होकर राजनीतिक कार्य हैं।
Q127. एल. डी. व्हाइट के अनुसार, भर्ती की आदर्श प्रणाली की निम्नलिखित विशेषताएँ हैं :
1. निष्पक्षता
2. ईमानदारी
3. राजनीतिक प्रश्रय
4. गतिशीलता
5. नयी खोज से युक्त
नीचे दिए गए कूट से सही उत्तर चुनिए :
कूट :
(a) 1, 2, 4 और 5
(b) 2, 3, 4 और 5
(c) 1, 3, 4 और 5
(d) 1, 2, 3 और 5
Show Answer/Hide
व्याख्या: लोक प्रशासन के विद्वान एल. डी. व्हाइट (L. D. White) के अनुसार एक आदर्श भर्ती प्रणाली में निष्पक्षता (Impartiality), ईमानदारी (Integrity), गतिशीलता (Mobility/Flexibility) और नवीन विचार लाने की क्षमता (Innovation) होनी चाहिए। राजनीतिक प्रश्रय (Patronage/पक्षपात) को उन्होंने एक दोष माना था।
Q128. लोक सेवाओं में पदोन्नति या भीतर से भर्ती कुछ कारणों के आधार पर उचित मानी जाती है। निम्नलिखित में से कौन से कारण उचित हैं ?
I. यह ईमानदार और कठिन परिश्रम का ईनाम है और इससे कर्मचारी का मनोबल बढ़ता है।
II. यह उन दोषों से मुक्त है जो सीधी भर्ती में स्वाभाविक हैं।
III. यह जीवन-कालिक सेवा का अनिवार्य अंग है ।
नीचे दिये गए कूट से सही उत्तर चुनिए :
कूट :
(a) I और II
(b) II और III
(c) I और III
(d) उपरोक्त सभी
Show Answer/Hide
व्याख्या: लोक सेवाओं में ‘पदोन्नति’ (Promotion) के माध्यम से भर्ती को निम्नलिखित कारणों से सही माना जाता है:
I: कर्मचारियों के कठिन परिश्रम का सम्मान करता है जिससे उनका मनोबल (Morale) बढ़ता है।
II: यह नए और अयोग्य लोगों के सीधे उच्च पदों पर आने के दोषों से बचाता है।
III: यह करियर सेवा (Career System) की अनिवार्य शर्त है।
Q129. निम्नलिखित कथनों पर विचार कीजिए:
कथन (A): नौकरशाही ने लोकतंत्र के विकास में योगदान दिया है, किन्तु यह लोकतंत्र के मार्ग में बाधा भी है।
कारण (R): लोकतंत्र को नौकरशाही की आवश्यकता नहीं है।
उपर्युक्त कथनों के सन्दर्भ में कौन सा विकल्प सही है ?
(a) (A) और (R) दोनों सत्य हैं और (R), (A) का उचित स्पष्टीकरण है।
(b) (A) और (R) दोनों सत्य हैं, किन्तु (R), (A) का उचित स्पष्टीकरण नहीं है।
(c) (A) सत्य है, किन्तु (R) असत्य है ।
(d) (A) असत्य है, किन्तु (R) सत्य है ।
Show Answer/Hide
व्याख्या: अभिकथन (A) सही है: नौकरशाही नीतियों को लागू करके लोकतंत्र को स्थायित्व प्रदान करती है, लेकिन अत्यधिक लालफीताशाही और अप्रत्यक्ष सत्ता के कारण यह लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में बाधा भी बनती है।
कारण (R) असत्य है: आधुनिक जटिल और कल्याणकारी लोकतंत्रों को लोक नीतियों के क्रियान्वयन हेतु नौकरशाही की अनिवार्य आवश्यकता होती है।
Q130. भर्ती की विधियों में से असंगत ज्ञात कीजिए :
(a) प्रत्यक्ष भर्ती
(b) पदोन्नति
(c) प्रशिक्षण
(d) प्रतिनियुक्ति
Show Answer/Hide
व्याख्या: प्रत्यक्ष भर्ती (Direct Recruitment), पदोन्नति (Promotion), और प्रतिनियुक्ति (Deputation) पदों को भरने यानी भर्ती की विधियाँ (Methods of Recruitment) हैं।
प्रशिक्षण (Training) भर्ती के बाद कर्मचारियों की दक्षता बढ़ाने की एक प्रक्रिया है, भर्ती की विधि नहीं।
