मध्यकालीन भारत के प्रमुख राजवंश चाहमन राजवंश (Chahamana Dynasty) चाहमन राजवंश (Chahman Dynasty) वंश की कई शाखाएं थीं। मुख्य शाखा, शाकंभरी (आधुनिक सांभर) जयपूर तथा अन्य जगहों पर शासन करने
मध्यकालीन भारत के प्रमुख राजवंश सोलंकी राजवंश (Solanki Dynasty) मूलराज I (Mulraaj – I) चालक्य अथवा सोलंकियों ने गुजरात तथा काठियावाड में लगभग साढ़े तीन सौ वर्षों तक (950-1300 ई०प०)
परिचय (Introduction) इस्पात मंत्रालय द्वारा ‘मिशन पूर्वोदय (Mission Purvodaya)’ की शुरुआत 28 फरवरी, 2020 की गई है। भारत के पूर्वी क्षेत्र के विकास से यह योजना जुड़ी है । भारत
परिचय (Introduction) ‘वन नेशन वन कार्ड (One Nation One Card)’ योजना जून 2020 से पूरे भारत में लागू की जाएगी। उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्री श्री राम विलास
परिचय (Introduction) केंद्रीय वित्त और कॉर्पोरेट मामलों की मंत्री निर्मला सीतारमण ने केंद्रीय बजट 2019-20 में जल जीवन मिशन (Jal Jeevan Mission) का ऐलान किया था। जल जीवन मिशन के
परिचय (Introduction) प्रारंभ की गई – पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती पर 25 दिसंबर, 2019 को ‘अटल भूजल योजना (Atal Bhujal Yojana)’ का शुभारंभ की गई। प्रचलित नाम
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC – Bihar Public Service Commission) के द्वारा आयोजित की गई संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा (47वीं)(BPSC Prelims 47th Exam 2005) की परीक्षा का आयोजन 2005 में किया
मध्यकालीन भारत के प्रमुख राजवंश परमार राजवंश (Parmar Dynasty) छठी शताब्दी के प्रारम्भिक वर्षों में हूणों के साथ खाजर जनजाति भारत आई। ये खाजर गुर्जर के नाम से जाने जाते
मध्यकालीन भारत के प्रमुख राजवंश राष्ट्रकूट राजवंश (Rashtrakuta Dynasty) राष्ट्रकूट (Rashtrakuta) शब्द का अर्थ है – राष्ट्र नामक क्षेत्रीय इकाई के अधिकार वाला अधिकारी। राष्ट्रकूट (Rashtrakuta) मूलतः महाराष्ट्र के लात्रालुर,
बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC – Bihar Public Service Commission) के द्वारा आयोजित की गई संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा (48-52वीं)(BPSC Prelims 48-52th Exam 2008) की परीक्षा का आयोजन 2008 में किया
SOCIAL PAGE